अब आदमी का इक नया प्रकार हो गया
आदमी का आदमी शिकार हो गया
जरूरत नहीं आखेट को अब कानन गमन की
शहर में ही गोश्त का बाजार हो गया
खुदा की एक खूबसूरत नैमत हैं बच्चे
आदमी के प्यार की हकीकत हैं बच्चे ये बचे न गर होते , लगता आँगन सूना सूना
खुशियों के चमन खिलते हैं जहाँ होते हैं बच्चे